CG News: एमपी में ब्लैकलिस्ट, फिर भी छत्तीसगढ़ में करोड़ों की दवा ख़रीदी, Unicare India Lmt. पर गहराया संकट

CG News: मध्यप्रदेश में अमानक दवाइयों की सप्लाई के कारण ब्लैकलिस्ट की गई कंपनी Unicare India Limited से छत्तीसगढ़ में लगातार दवाइयों की बड़ी खरीद जारी रहने का मामला सामने आया है। आरोप है कि कंपनी से हर महीने लगभग छह करोड़ रुपये की दवाएं खरीदी जा रही हैं, जबकि इसके कई बैच गुणवत्ता परीक्षण में फेल पाए गए थे।

एमपी में तीन बैच अमानक, फिर भी सप्लाई जारी

मध्यप्रदेश पब्लिक हेल्थ सर्विसेस कार्पोरेशन द्वारा कंपनी के तीन दवा बैच—एलएलएस 1311, एलएलएस 1215 और एलएलएस 1336—को अमानक घोषित किया गया था। इसके बाद कंपनी को तीन साल के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया गया।

इसके बावजूद छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेस कार्पोरेशन (CGMSC) के माध्यम से इसी कंपनी से 184 प्रकार की दवाओं की सप्लाई जारी रहने पर सवाल उठ रहे हैं।

नियमों के उल्लंघन के आरोप

नियमों के अनुसार किसी भी राज्य में ब्लैकलिस्टिंग की जानकारी संबंधित अन्य राज्यों की एजेंसियों को दी जानी चाहिए, लेकिन आरोप है कि यह सूचना समय पर साझा नहीं की गई। इसके चलते छत्तीसगढ़ में अनुबंध जारी रहा और कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।

विशेषज्ञों का कहना है कि सरकारी अस्पतालों में दवाओं की गुणवत्ता से समझौता सीधे मरीजों की सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है।

कंपनी की दलील और प्रशासन का पक्ष

कंपनी पक्ष का कहना है कि ब्लैकलिस्टिंग संबंधित उपकरण आपूर्ति से जुड़ी थी और अलग-अलग राज्यों में नियम अलग हैं। वहीं दवा निगम प्रशासन का कहना है कि खरीद प्रक्रिया नियमों के अनुसार ही की जा रही है।

छत्तीसगढ़ दवा निगम के प्रबंध संचालक के अनुसार, मौजूदा अनुबंध और नियमों के तहत ही आपूर्ति जारी है और राज्यों के बीच ब्लैकलिस्टिंग मानकों में अंतर भी एक कारण है।

स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे सवाल

इस पूरे मामले ने राज्य की दवा खरीद प्रणाली और गुणवत्ता नियंत्रण पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समय पर कार्रवाई नहीं होती है तो यह स्वास्थ्य सेवाओं के लिए जोखिम बन सकता है। छत्तीसगढ़ की हर अपडेट के लिए हमारे WhatsApp चैनल को फॉलो करें- https://whatsapp.com/channel/0029VbBj50DATRSgaSxCmo2v