Raigarh News: जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति की बैठक में विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा

Raigarh News: जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति की बैठक लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया की अध्यक्षता और राज्यसभा सांसद देवेंद्र प्रताप सिंह की सह-अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में जिले में केंद्र और राज्य शासन की ओर से संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास कार्यों और अधोसंरचना परियोजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक में योजनाओं का जमीनी स्तर पर बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, पात्र हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने और जनसमस्याओं के त्वरित निराकरण से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई।

बैठक में जिले की आवागमन व्यवस्था, स्कूल भवनों की स्थिति और जनसुविधाओं से संबंधित विभिन्न विकास कार्यों पर सांसदों ने विभागीय अधिकारियों के साथ चर्चा की। बारिश के दौरान खराब सड़कों के कारण आम नागरिकों को होने वाली परेशानी को देखते हुए आवश्यकता के अनुसार सड़कों के गड्ढों की मरम्मत कराने पर जोर दिया गया। स्थानीय जरूरतों के अनुरूप विकास कार्यों और मांगों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के संबंध में भी अधिकारियों को निर्देश दिए गए।

लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया ने कहा कि शासन की योजनाओं का उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब उनका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों को गति देने के निर्देश दिए। उन्होंने हितग्राहीमूलक योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक पात्र लोगों तक पहुंचाने पर भी जोर दिया।

राज्यसभा सांसद देवेंद्र प्रताप सिंह ने जिले के समग्र विकास के लिए योजनाओं के प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन को आवश्यक बताया। उन्होंने सड़कों, स्कूल भवनों और अन्य आवश्यक अधोसंरचना से जुड़े निर्माण एवं विकास कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं में निर्धारित लक्ष्य पूरे हो चुके हैं, लेकिन अभी भी पात्र हितग्राहियों की संख्या अधिक है, ऐसे मामलों में अतिरिक्त स्वीकृति के लिए शासन स्तर पर आवश्यक पत्राचार किया जाए।

बैठक में कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने विभागीय अधिकारियों को समिति की बैठक में दिए गए निर्देशों का गंभीरतापूर्वक पालन सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि जिले में शासन की योजनाओं, कार्ययोजनाओं और विकास कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें और योजनाओं तथा विकास कार्यों का प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करें।

बैठक में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार को लेकर विशेष चर्चा हुई। सांसदों ने जिले के प्रत्येक विकासखंड में एक-एक ग्राम पंचायत का चयन कर योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से उसे मॉडल ग्राम पंचायत के रूप में विकसित करने पर जोर दिया। अधिकारियों को योजना से संबंधित जानकारी आम लोगों तक पहुंचाने के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने तथा अधिक से अधिक पात्र परिवारों को योजना का लाभ दिलाने के निर्देश दिए गए।

प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्रों को लेकर भी बैठक में चर्चा की गई। बैठक में बताया गया कि जनऔषधि केंद्रों पर अनेक दवाइयां बाजार मूल्य की तुलना में कम कीमत पर उपलब्ध हैं। सांसदों ने इन केंद्रों का बेहतर प्रचार-प्रसार करने, उचित स्थानों पर उनकी उपलब्धता सुनिश्चित करने और आम लोगों को जनऔषधि केंद्रों के संबंध में जागरूक करने पर जोर दिया। इसके साथ ही चिकित्सकों द्वारा लिखे जाने वाले पर्चों में जेनेरिक दवाइयों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए।

जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिजीत बबन पठारे ने बैठक में जिले में संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी। उन्होंने विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण, स्वच्छ भारत मिशन, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, सांसद आदर्श ग्राम योजना, कृषि एवं उद्यानिकी योजनाओं सहित विभिन्न योजनाओं की स्थिति के बारे में समिति को अवगत कराया।

प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण की समीक्षा के दौरान बताया गया कि वर्ष 2016 से 2023 तक की स्वीकृतियों के विरुद्ध जिले में 55 हजार 955 आवास पूर्ण किए जा चुके हैं। वहीं वर्ष 2024 से 2026 की अवधि में स्वीकृत आवासों के विरुद्ध 50 हजार 414 आवासों का निर्माण पूर्ण हो चुका है। पीएम जनमन योजना के तहत भी 171 आवास पूर्ण किए जाने की जानकारी बैठक में दी गई।

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले में समूह की महिलाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने के लिए कार्य किया जा रहा है। महिलाओं को स्व-सहायता समूहों, बैंक लिंकेज और विभिन्न आजीविका गतिविधियों से जोड़कर आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। बैठक में जानकारी दी गई कि जिले में अब तक 56 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं।

कृषि एवं उद्यानिकी विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की भी बैठक में समीक्षा की गई। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, आधार सीडिंग और ई-केवाईसी की प्रगति की जानकारी ली गई। उद्यानिकी विभाग की योजनाओं के तहत सब्जी एवं पुष्प क्षेत्र विस्तार, मसाला फसल, संरक्षित खेती, शेडनेट हाउस, पॉलीहाउस, मल्चिंग, जैविक खेती और वर्मी कम्पोस्ट जैसी गतिविधियों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को इन योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार कर अधिक से अधिक पात्र किसानों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए गए।

जल जीवन मिशन के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में घरेलू नल कनेक्शन और पेयजल उपलब्ध कराने के लिए संचालित कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत लंबित कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए गए। विद्युत व्यवस्था से संबंधित समस्याओं और खराब ट्रांसफार्मरों के निराकरण के लिए भी आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई।

स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा के दौरान गर्भवती माताओं के पंजीयन, कुपोषित बच्चों की पहचान और उपचार, संक्रामक रोग नियंत्रण, आयुष्मान भारत योजना, सिकल सेल जांच और एचपीवी टीकाकरण की प्रगति की जानकारी ली गई। स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने पर भी चर्चा की गई।

बैठक में प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के अंतर्गत युवाओं को उनकी रुचि और स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। अधिकारियों को अधिक से अधिक युवाओं को प्रशिक्षण से जोड़कर रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य करने के निर्देश दिए गए।

बैठक के दौरान जिले में संचालित केंद्र और राज्य शासन की विभिन्न योजनाओं की प्रगति, अधोसंरचना निर्माण, ग्रामीण विकास, आवास, कृषि, उद्यानिकी, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क, विद्युत और कौशल विकास से संबंधित कार्यों की स्थिति पर विभागवार चर्चा की गई। अधिकारियों से योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी लेकर आवश्यक निर्देश दिए गए।

बैठक में वनमंडलाधिकारी सत्यदेव शर्मा, सभी जनपद पंचायतों के अध्यक्ष, समिति के सदस्यगण और विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में विभागीय अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों से संबंधित योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी प्रस्तुत की। सांसदों ने संबंधित योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और निर्धारित लक्ष्यों को समय-सीमा में पूरा करने पर जोर दिया। छत्तीसगढ़ की हर अपडेट के लिए हमारे WhatsApp चैनल को फॉलो करें- https://whatsapp.com/channel/0029VbBj50DATRSgaSxCmo2v