Sonam Wangchuk Hunger Strike: Ladakh के सामाजिक कार्यकर्ता Sonam Wangchuk का अनिश्चितकालीन Hunger Strike शनिवार को 21वें दिन भी जारी रहा। Jantar Mantar से हटाए जाने के बाद उन्हें Safdarjung Hospital में भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टरों ने उनकी सेहत को लेकर गंभीर चिंता जताई है। अस्पताल के मेडिकल बुलेटिन के अनुसार AIIMS के स्वतंत्र विशेषज्ञ ने भी तत्काल चिकित्सकीय हस्तक्षेप की आवश्यकता बताई है, लेकिन Wangchuk ने अब तक IV Fluids, Oral Rehydration Solution (ORS) और अन्य दवाएं लेने से इनकार किया है।
अस्पताल में भी नहीं तोड़ा अनशन
अस्पताल प्रशासन के मुताबिक Sonam Wangchuk में डिहाइड्रेशन और मेटाबॉलिक असामान्यताओं के संकेत मिले हैं। इसके बावजूद उन्होंने किसी भी प्रकार का चिकित्सकीय पोषण या दवा लेने से इंकार कर दिया है। डॉक्टर लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं और स्वास्थ्य की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
पत्नी ने अस्पताल पर लगाए पारदर्शिता नहीं रखने के आरोप
Sonam Wangchuk की पत्नी Gitanjali J. Angmo ने अस्पताल प्रशासन पर पारदर्शिता नहीं बरतने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि परिवार को मेडिकल रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई जा रही है और दूसरे अस्पताल से राय लेने की अनुमति भी नहीं दी जा रही।
उन्होंने यह भी कहा कि परिवार और निजी डॉक्टरों की सहमति के बिना Wangchuk को कोई भी दवा या मेडिकल उपचार नहीं दिया जाना चाहिए।
20 जुलाई के 'Chalo Sansad' मार्च पर बनी रहेगी रणनीति
Cockroach Janata Party (CJP) और इसके संस्थापक Abhijeet Dipke, जो स्वयं भी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं, ने दावा किया कि दिल्ली पुलिस रात में प्रदर्शन स्थल पर कार्रवाई की तैयारी कर रही है। संगठन ने समर्थकों से रातभर सतर्क रहने और विरोध प्रदर्शन जारी रखने की अपील की है।
CJP ने स्पष्ट किया कि 20 जुलाई को प्रस्तावित 'Chalo Sansad' March अपने तय कार्यक्रम के अनुसार आयोजित किया जाएगा।
Rahul Gandhi और Anna Hazare ने सरकार से की अपील
लोकसभा में विपक्ष के नेता Rahul Gandhi ने Jantar Mantar से Sonam Wangchuk को हटाए जाने को गलत बताते हुए शांतिपूर्ण आंदोलन के अधिकार का समर्थन किया।
वहीं समाजसेवी Anna Hazare ने केंद्र सरकार से अपील की कि वह Wangchuk से बातचीत करे। उन्होंने कहा कि सरकार को उनके धैर्य की परीक्षा नहीं लेनी चाहिए और उनकी मांगों पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
पत्नी बोलीं- जरूरत पड़ी तो मैं करूंगी नेतृत्व
Gitanjali Angmo ने कहा कि यदि स्वास्थ्य कारणों से Sonam Wangchuk 20 जुलाई के मार्च में शामिल नहीं हो पाते हैं, तो वह स्वयं इस आंदोलन का नेतृत्व करेंगी।
पुलिस का क्या कहना है?
दिल्ली पुलिस का कहना है कि सुबह मेडिकल जांच के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने डॉक्टरों के काम में बाधा पहुंचाई थी। वहीं पुलिस ने प्रदर्शन स्थल पर किसी संभावित कार्रवाई को लेकर आधिकारिक रूप से कोई विस्तृत बयान जारी नहीं किया है।
आगे क्या होगा?
Sonam Wangchuk फिलहाल अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में हैं। उनकी स्वास्थ्य स्थिति स्थिर बताई जा रही है, लेकिन चिकित्सकों के अनुसार लगातार मॉनिटरिंग और तत्काल इलाज की आवश्यकता बनी हुई है। दूसरी ओर, आंदोलनकारी 20 जुलाई के 'Chalo Sansad' मार्च की तैयारी में जुटे हैं, जबकि सरकार की ओर से अब तक कोई आधिकारिक वार्ता की घोषणा नहीं की गई है। छत्तीसगढ़ की हर अपडेट के लिए हमारे WhatsApp चैनल को फॉलो करें- https://whatsapp.com/channel/0029VbBj50DATRSgaSxCmo2v




