CG News: छत्तीसगढ़ में इस बार Monsoon किसानों के लिए राहत और उम्मीद लेकर आया है। सावन की लगातार बारिश से प्रदेश के अधिकांश जिलों में धान की फसल तेजी से बढ़ रही है। कृषि विभाग के अनुसार इस खरीफ सीजन में धान की बढ़वार पिछले वर्षों की तुलना में 20 से 25 प्रतिशत तक बेहतर दर्ज की गई है। हरेली तिहार से पहले खेतों में छाई हरियाली ने किसानों के चेहरे पर मुस्कान लौटा दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आने वाले दिनों में बारिश का यही क्रम बना रहा तो इस वर्ष राज्य में धान का उत्पादन बेहतर रहने की संभावना है।
37 लाख हेक्टेयर में हुई Paddy Farming
इस खरीफ सीजन में छत्तीसगढ़ में करीब 37 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में धान की खेती की गई है। समय पर हुई बारिश और पर्याप्त नमी के कारण पौधों का विकास संतोषजनक रहा है। कई जिलों में धान की फसल सामान्य से अधिक तेजी से बढ़ रही है। खेतों में इन दिनों निंदाई-गुड़ाई का कार्य भी तेजी से चल रहा है, जिससे फसल को और मजबूती मिल रही है।
70% आबादी की आजीविका खेती पर निर्भर
छत्तीसगढ़ की लगभग 70 प्रतिशत आबादी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से कृषि पर निर्भर है। राज्य की कुल कृषि भूमि के करीब 67.46 प्रतिशत हिस्से में धान की खेती होती है। ऐसे में मानसून की स्थिति सीधे किसानों की आय, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और राज्य के कृषि उत्पादन को प्रभावित करती है। अच्छी बारिश से इस बार किसानों को बेहतर उत्पादन की उम्मीद बढ़ी है।
राज्य में 589.3 मिमी बारिश, खेती के लिए अनुकूल मौसम
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार अब तक राज्य में 589.3 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है। हालांकि यह सामान्य से लगभग 7 प्रतिशत कम है, लेकिन कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि धान की फसल के लिए वर्तमान स्थिति पूरी तरह अनुकूल बनी हुई है। प्रदेश के 33 में से 25 जिलों में सामान्य या सामान्य से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है, जबकि केवल 8 जिलों में वर्षा सामान्य से कम रही है।
Sarangarh-Bilaigarh सबसे आगे, Raipur में भी सामान्य से ज्यादा बारिश
बारिश के आंकड़ों में Sarangarh-Bilaigarh जिला सबसे आगे रहा है, जहां अब तक 835.6 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। यह सामान्य से लगभग 60 प्रतिशत अधिक है। वहीं Raipur में 644.1 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई है, जो सामान्य से 17 प्रतिशत ज्यादा है। लगातार अच्छी वर्षा से खेतों में पर्याप्त नमी बनी हुई है, जिससे धान की बढ़वार को सीधा फायदा मिला है।
अगले कुछ दिनों में और सक्रिय रहेगा Monsoon
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में मानसून की गतिविधियां और तेज होंगी। अच्छी बारिश जारी रहने से धान सहित अन्य खरीफ फसलों को भी लाभ मिलने की संभावना है। कृषि विशेषज्ञ किसानों को खेतों की नियमित निगरानी करने, समय पर निंदाई-गुड़ाई करने और जरूरत पड़ने पर जल निकासी की व्यवस्था बनाए रखने की सलाह दे रहे हैं।
हरेली तिहार से पहले किसानों में बढ़ा उत्साह
हरेली तिहार छत्तीसगढ़ के किसानों का सबसे महत्वपूर्ण पारंपरिक पर्व माना जाता है। इस बार त्योहार से पहले खेतों में लहलहाती धान की फसल ने किसानों का उत्साह दोगुना कर दिया है। ग्रामीण इलाकों में खेती-किसानी का काम तेज हो गया है और किसान बेहतर उत्पादन की उम्मीद के साथ फसलों की देखभाल में जुटे हुए हैं। छत्तीसगढ़ की हर अपडेट के लिए हमारे WhatsApp चैनल को फॉलो करें- https://whatsapp.com/channel/0029VbBj50DATRSgaSxCmo2v




